वाराणसी: वाराणसी पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। सिगरा पुलिस टीम ने बच्चे को चुराने वाले एक आरोपी और दो बाल अपचारियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके चंगुल से एक 2.5 साल के बच्चे को सकुशल बरामद कर उसके परिवार को सौंप दिया गया है।
पुलिस कमिश्नर के आदेश पर चलाए जा रहे ‘अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध अभियान’ के तहत यह कार्रवाई की गई। सिगरा पुलिस को 20 अगस्त 2025 को एक महिला ने शिकायत दी थी कि उसका 2 साल 6 महीने का बच्चा शास्त्रीनगर पार्क में खेलते हुए लापता हो गया है। पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
ऐसे पकड़ा गया बच्चा चोर – पुलिस टीम ने मामले की गहराई से जांच की। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने 25 अगस्त 2025 को आदर्श नाम के शख्स और दो नाबालिगों को कैंट रेलवे स्टेशन के पास से गिरफ्तार किया। तीनों बच्चा चोरी के मामले से जुड़े हुए थे।
पुलिस की सख्ती से पूछताछ में आदर्श ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। उसने बताया कि उसने अपने दो नाबालिग साथियों को बच्चे को उठाने के लिए कहा था। उसकी योजना बच्चे को बेचकर पैसे कमाने की थी ताकि वह अपनी जरूरतें पूरी कर सके। उसने अपनी गलती मानते हुए कहा कि उससे बहुत बड़ी गलती हो गई है और वह आगे से ऐसा कभी नहीं करेगा।
पुलिस ने इन तीनों की मदद से अपहृत बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया। बच्चे को उसके परिवार को सौंप दिया गया है, जिससे परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण: आदर्श, पुत्र धुन्नू, निवासी- लकपेडा बाग, थाना आदर्श कोतवाली, जनपद बाराबंकी, उम्र 31 वर्ष व दो बाल अपचारी जिनकी उम्र 17 और 13 वर्ष है।
इस पूरे ऑपरेशन में सिगरा थाना प्रभारी संजय कुमार मिश्र के साथ उप-निरीक्षक सत्यदेव, विकल शांडिल्य, पुष्कर दूबे, महिला उप-निरीक्षक कुसुम जायसवाल, हेड कांस्टेबल प्रेम कुमार द्विवेदी और कांस्टेबल मृत्युंजय सिंह, नीरज मौर्या और वीरेंद्र कुमार शामिल थे। पुलिस की इस टीम की सराहना की जा रही है।




