लखनऊ: समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने पुलिस और प्रशासन पर जनता से वसूली करने का सीधा आरोप लगाया है। लखनऊ में शुक्रवार को मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी के लोग पूरा सिस्टम चला रहे हैं और पुलिस जमकर पैसा वसूल रही है।
“आठ लाख का चालान और जीएसटी की मनमानी” – अखिलेश यादव ने अपनी खुद की एक चौंकाने वाली घटना का जिक्र करते हुए कहा, “मेरी गाड़ी का ओवर स्पीडिंग के कारण आठ लाख रुपये का चालान कर दिया गया।” यह बताते हुए उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार जनता को कोई सुविधा नहीं दे रही, लेकिन टैक्स जमकर वसूला जा रहा है। उन्होंने सरकार द्वारा दी गई गाड़ी की खराब हालत पर भी सवाल उठाए।

जीएसटी की दरों में बदलाव पर उन्होंने कहा कि यह सब आगामी चुनाव को देखते हुए किया गया है। उन्होंने मुनाफाखोरी पर लगाम न लगने की बात कहते हुए बीजेपी के ‘मेक इन इंडिया’ के नारे पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एक तरफ ‘मेक इन इंडिया’ की बात होती है, और दूसरी तरफ हमारे बाज़ारों में चीन का सामान भरा पड़ा है, जो ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ जैसी योजनाओं को खत्म कर देगा।
“जुगाड़ आयोग कर रहा है वोटों का इंतज़ाम” – चुनाव आयोग पर तंज कसते हुए अखिलेश यादव ने उसे “जुगाड़ आयोग” कहा। उन्होंने आरोप लगाया कि यह आयोग बीजेपी के लिए वोटों का इंतज़ाम कर रहा है और अब इनकी चोरी पकड़ी जा चुकी है। उन्होंने कहा, “जब जुगाड़ आयोग ही धोखा करे तो लोग कहां जाएं?” अखिलेश यादव ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में बीजेपी सरकार के अब गिनती के दिन ही बचे हैं और वह जल्दी ही सत्ता से बाहर होंगे। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि प्रधान के चुनाव में वोट चोरी नहीं हो पाएगी।
“भ्रष्टाचार और वसूली का राज”अपने संबोधन के आखिर में, अखिलेश यादव ने छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की घटना को “अपमानजनक” बताया। उन्होंने कहा कि इस सरकार में हर वर्ग दुखी है, और हर जगह भ्रष्टाचार और वसूली का बोलबाला है। उनके आरोपों ने उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक नई बहस छेड़ दी है।
क्या सरकार और प्रशासन पर लगाए गए ये आरोप सही हैं? और क्या अखिलेश यादव के दावे सच साबित होंगे? यह तो आने वाला समय ही बताएगा।




