वाराणसी: काशी नगरी में नाबालिगों की सुरक्षा और अपराधियों पर लगाम कसने के अभियान को चेतगंज पुलिस ने आज एक बड़ी सफलता दिलाई है। पुलिस आयुक्त वाराणसी के सख्त निर्देश और गुमशुदा नाबालिगों की बरामदगी के विशेष अभियान के तहत, पॉक्सो एक्ट से संबंधित एक मुकदमे में फरार चल रहे आरोपी को धर दबोचा गया है।
यह गिरफ्तारी पुलिस उपायुक्त (काशी जोन), अपर पुलिस उपायुक्त (काशी जोन), और सहायक पुलिस आयुक्त (चेतगंज) के कुशल मार्गदर्शन में थाना चेतगंज की टीम ने की।

कैसे पकड़ा गया आरोपी शुभम विश्वकर्मा? – थाने पर बने महिला सुरक्षा केंद्र में तैनात अधिकारी/कर्मचारीगण को मुखबिर खास से यह पुख्ता जानकारी मिली। सूचना मिलते ही टीम ने फौरन कार्रवाई की और 07 अक्टूबर 2025 को आरोपी शुभम विश्वकर्मा (पुत्र नीबू लाल विश्वकर्मा, निवासी नदेसर, वाराणसी) को बीएचयू ट्रॉमा सेंटर गेट के पास से गिरफ्तार कर लिया।
क्या था पूरा मामला? – घटना 05 अक्टूबर 2025 की है, जब वादी मुकदमा ने अपनी नाबालिग बेटी के घर से अचानक गायब हो जाने की तहरीर दी थी। इसके आधार पर थाना चेतगंज पर मु0अ0सं0- 224/2025 धारा-137(2) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
विवेचना के दौरान, म०उ०नि० शिप्रा सिंह की जांच में अभियुक्त शुभम विश्वकर्मा का नाम सामने आया। सबूतों के आधार पर, मुकदमे में धारा- 87 बीएनएस और 7/8 पाक्सो एक्ट (POCSO Act) की बढ़ोतरी की गई। यह इस बात का संकेत है कि मामला कितना गंभीर था।

गिरफ्तारी के बाद, शुभम विश्वकर्मा (उम्र करीब 30 वर्ष) ने पूछताछ में अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बार-बार माफी मांगी और भविष्य में ऐसी कोई गलती न करने की बात कही है।
सराहनीय कार्य करने वाली पुलिस टीम में प्र०नि० विजय कुमार शुक्ला (थाना चेतगंज), म०उ०नि० आदर्शिका (प्रभारी मिशन शक्ति टीम), म०उ०नि० शिप्रा सिंह (चौकी प्रभारी चेतगंज), का० रितिक राज शामिल थे।
चेतगंज पुलिस द्वारा दिखाई गई यह त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई नाबालिगों की सुरक्षा को लेकर पुलिस की गंभीरता को दर्शाती है। अभियुक्त के खिलाफ अब आगे की विधिक कार्यवाही की जा रही है।






