वाराणसी की जिला अदालत ने आजाद अधिकार सेना के अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर की पत्नी डॉ. नूतन ठाकुर को बड़ी राहत देते हुए अग्रिम जमानत मंजूर कर ली है। जानें क्या है चौक थाने में दर्ज वह मामला और कोर्ट में क्या रही दलीलें।
डॉ. नूतन ठाकुर की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनुज यादव, नरेश यादव, विकास यादव और संदीप यादव ने दलीलें पेश कीं।
वाराणसी। उत्तर प्रदेश की राजनीति और कानूनी गलियारों में चर्चित आजाद अधिकार सेना के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। वाराणसी के चौक थाने में दर्ज एक आपराधिक मामले में पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर की पत्नी डॉ. नूतन ठाकुर को कोर्ट से बड़ी राहत मिल गई है। जिला जज संजीव शुक्ला की अदालत ने डॉ. नूतन ठाकुर की अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) अर्जी को स्वीकार कर लिया है।
अदालत ने सुनवाई के दौरान आदेश दिया कि यदि पुलिस डॉ. नूतन ठाकुर को गिरफ्तार करती है, तो उन्हें 50-50 हजार रुपए की दो जमानतें और समान राशि का बंधपत्र (Bond) प्रस्तुत करने पर रिहा कर दिया जाए। यह आदेश उन परिस्थितियों में आया है जब बचाव पक्ष ने इस पूरे मामले को पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित बताया।
अदालत में डॉ. नूतन ठाकुर की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनुज यादव, नरेश यादव, विकास यादव और संदीप यादव ने पुरजोर दलीलें पेश कीं। वकीलों ने कोर्ट को बताया कि आरोपित महिला के पति पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर को सरकार की गलत नीतियों और भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने के कारण जबरन सेवा से बर्खास्त किया गया। आजाद अधिकार सेना के माध्यम से भ्रष्ट अधिकारियों और नेताओं के कारनामों को उजागर करने के कारण द्वेषवश यह मुकदमे दर्ज कराए जा रहे हैं। सोशल मीडिया पर किया गया पोस्ट किसी की प्रतिष्ठा धूमिल करने के लिए नहीं, बल्कि समाचार पत्रों में प्रकाशित खबरों की सत्यता की जांच की मांग के लिए एक सजग नागरिक के तौर पर किया गया था।
यह पूरा मामला हिन्दू युवा वाहिनी के नेता और वीडीए सदस्य अम्बरीष सिंह भोला द्वारा दर्ज कराई गई एक एफआईआर से जुड़ा है। उन्होंने 9 दिसंबर 2025 को चौक थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि 30 नवंबर 2025 को अमिताभ ठाकुर और नूतन ठाकुर ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट किया। वीडियो में उन पर आपराधिक मामलों और बहुचर्चित कफ सिरप कांड में संलिप्त होने के “झूठे और भ्रामक” आरोप लगाए गए। इससे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को गहरी चोट पहुँची।
गौरतलब है कि इसी मामले में पुलिस ने पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर को देवरिया जेल से लाकर कोर्ट में पेश किया था और उनकी न्यायिक रिमांड ली थी। हालांकि, अमिताभ ठाकुर को इस मामले में पहले ही जमानत मिल चुकी है। अब उनकी पत्नी डॉ. नूतन ठाकुर को भी कोर्ट से बड़ी राहत मिल जाने के बाद आजाद अधिकार सेना के समर्थकों में खुशी की लहर है।



