वाराणसी: धर्म और आध्यात्म की नगरी काशी में सुरक्षित माहौल और बेहतर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस एक्शन मोड में है। पुलिस कमिश्नरेट वाराणसी ने आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों पर नकेल कसते हुए उत्तर प्रदेश गुण्डा नियंत्रण अधिनियम, 1970 के तहत आज एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।
लोक व्यवस्था और जनसामान्य में सुरक्षा की भावना पैदा करने के उद्देश्य से कुल 03 शातिर अभियुक्तों के विरुद्ध जिला बदर की कार्यवाही की गई है। अपर पुलिस आयुक्त के आदेशानुसार, इन अपराधियों का वाराणसी की सीमा में प्रवेश अगले कुछ महीनों के लिए पूरी तरह वर्जित कर दिया गया है।
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, थाना आदमपुर, थाना सिगरा और थाना कैण्ट क्षेत्र के ऐसे अभियुक्तों को चिन्हित किया गया था जिनका लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। इन अभियुक्तों पर चोरी, लूट, मारपीट, धमकी, एनडीपीएस एक्ट, पॉक्सो एक्ट और गैंगेस्टर एक्ट जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं।
जिला बदर किए गए अभियुक्तों का विवरण : 1. शनि साहनी (थाना आदमपुर) – 06 माह के लिए निष्कासित, आदमपुर क्षेत्र का निवासी शनि साहनी (23 वर्ष) एक आदतन अपराधी है। इसके ऊपर चोरी, लूट, एनडीपीएस और गैंगस्टर एक्ट समेत कुल 19 गंभीर मामले दर्ज हैं। इसकी गतिविधियों से जनता में भय का माहौल था, जिसे देखते हुए इसे 06 माह के लिए जिला बदर किया गया है। 2. प्रीतम उर्फ प्रीतम सोनकर (थाना सिगरा) – 03 माह के लिए निष्कासित, सिगरा थाना क्षेत्र के माधोपुर निवासी प्रीतम सोनकर (24 वर्ष) के खिलाफ भी गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है। इसे 03 माह की अवधि के लिए वाराणसी की सीमा से बाहर रहने का आदेश दिया गया है। 3. सम्राट सिंह उर्फ वैभव सिंह (थाना कैण्ट) – 03 माह के लिए निष्कासित, कैण्ट थाना क्षेत्र के फुलवरिया निवासी सम्राट सिंह (23 वर्ष) को भी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर 03 माह के लिए जिला बदर किया गया है।
वाराणसी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिला बदर की कार्यवाही के दौरान यदि ये अभियुक्त जिले की सीमा में पाए जाते हैं, तो उनके विरुद्ध कठोर दण्डात्मक विधिक कार्यवाही की जाएगी। यह कदम सार्वजनिक शांति और अपराध की पुनरावृत्ति रोकने के लिए उठाया गया है।
पुलिस का संदेश: “वाराणसी कमिश्नरेट में अपराध और अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है। भविष्य में भी असामाजिक तत्वों के विरुद्ध इसी प्रकार सख्त और निष्पक्ष कार्यवाही निरंतर जारी रहेगी।”



