वाराणसी पुलिस ने अपराध नियंत्रण और फरार अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एक और सफलता हासिल की है। वरुणा ज़ोन की थाना कैण्ट पुलिस टीम ने आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में नामजद अभियुक्त सूरज कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए अभियुक्त का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है और वह बिहार का निवासी है।
डीएम कंपाउंड के पास से हुई गिरफ्तारी – पुलिस आयुक्त वाराणसी के निर्देशन में अपराधियों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। इसी क्रम में सहायक पुलिस आयुक्त कैण्ट के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर यह कार्रवाई की।

गिरफ्तारी का विवरण : दिनांक और समय: 05 मई 2026, दोपहर 12:15 बजे। स्थान: डीएम कम्पाउण्ड के पास वाली गली, फुलवरिया, थाना कैण्ट। अभियुक्त: सूरज कुमार (32 वर्ष), निवासी- पश्चिमी चम्पारण, बिहार।
क्या है मामला? (घटना का विवरण) – यह मामला 16 अप्रैल 2026 को प्रकाश में आया था, जब एक महिला ने थाना कैण्ट में शिकायत दर्ज कराई थी। वादिनी का आरोप था कि अभियुक्त सूरज कुमार और उसके साथियों द्वारा उसकी बहन (मृतका) को मानसिक और शारीरिक रूप से इस कदर प्रताड़ित किया गया कि उसने आत्महत्या कर ली।
इस गंभीर शिकायत पर पुलिस ने मु0अ0सं0-0184/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 (आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरण) के तहत मुकदमा दर्ज किया था। उप-निरीक्षक बुद्ध राज इस मामले की विवेचना कर रहे थे और तभी से पुलिस अभियुक्त की तलाश में जुटी थी।
अभियुक्त का आपराधिक इतिहास – पकड़ा गया अभियुक्त सूरज कुमार शातिर किस्म का अपराधी है। वाराणसी पुलिस द्वारा जांच में पाया गया कि उसके खिलाफ शहर के अलग-अलग थानों में धोखाधड़ी और मारपीट के कई मामले पहले से दर्ज हैं : थाना सिगरा: मु0अ0सं0 0070/2026 (धोखाधड़ी और मारपीट)। थाना रोहनिया: मु0अ0सं0 0112/2026 (धोखाधड़ी और धमकी)। थाना भेलूपुर: मु0अ0सं0 216/26 (धोखाधड़ी)। थाना कैण्ट: मु0अ0सं0 0184/2026 (आत्महत्या के लिए उकसाना)।
गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम – इस सफल गिरफ्तारी में थाना कैण्ट के प्रभारी निरीक्षक शिवाकान्त मिश्र के साथ उप-निरीक्षक शान्तनु मिश्रा, हेड कांस्टेबल चन्द्रमा प्रसाद शर्मा और कांस्टेबल राजू शाह, सत्यप्रकाश यादव व चन्द्र प्रताप भट्ट की प्रमुख भूमिका रही।
वाराणसी पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से मृतका के परिवार को न्याय की उम्मीद जगी है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं के विरुद्ध अपराध करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल पुलिस अभियुक्त के खिलाफ आगे की विधिक कार्यवाही कर रही है।




