वाराणसी (BM Breaking News): ‘खाकी’ का एक ऐसा रूप जो समाज में उम्मीद और इंसानियत की मिसाल पेश करता है, आज वाराणसी के तेलियाबाग पुलिस चौकी पर देखने को मिला। आज दिनांक 25 जुलाई 2026 को तेलियाबाग पुलिस चौकी पर उस वक्त एक भावुक कर देने वाला नजारा देखने को मिला, जब 8 साल की एक मासूम बच्ची हाथों में नमकीन के पैकेट लिए चौकी के अंदर पहुंची। मासूम का नाम रेशमा प्रवीण (पुत्री मो. यासीन) है, जो वाराणसी के बड़ी बाजार, पीलीकोठी की रहने वाली है।

“साहब नमकीन खरीद लो, घर में राशन नहीं है…” = मासूम रेशमा ने जब तेलियाबाग चौकी के अंदर जाकर मासूमियत भरे स्वर में कहा— “साहब, नमकीन खरीद लो, मेरे घर में राशन नहीं है,” तो वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों का दिल पसीज गया। बच्ची की बात सुनते ही चौकी प्रभारी तेलियाबाग, उप-निरीक्षक अली अतहर और उनके हमराह उ.नि. संदीप चौरसिया, कांस्टेबल किशन कुमार तथा कांस्टेबल बृजेश कुमार ने बिना एक पल गंवाए मदद का हाथ बढ़ाया।

बाजार से खरीदा 1 महीने का राशन, बच्ची को खिलाया खाना = पुलिस टीम ने तुरंत बाजार जाकर बच्ची के परिवार के लिए जरूरत का सारा सामान खरीदा। पुलिसकर्मियों ने बच्ची को 10 किलो चावल, 10 किलो आटा, 2 किलो अरहर दाल, 5 किलो आलू और 5 किलो प्याज, 2 किलो सरसों का तेल, 1 किलो नमक, 1 किलो टमाटर, 1/2 किलो मिर्च, अदरक और लहसुन राशन खरीदने के बाद पुलिस अधिकारियों ने बच्ची को सम्मानपूर्वक चौकी पर बिठाया और उसे इडली-डोसा खिलाकर पेट भर भोजन कराया।

ई-रिक्शा से सम्मान के साथ किया विदा = राशन और भोजन की व्यवस्था करने के बाद पुलिसकर्मियों ने एक ई-रिक्शा किराए पर लिया, जिस पर सारा सामान रखकर मासूम रेशमा को सुरक्षित उसके घर के लिए रवाना किया। इस नेक काम में ट्रैफिक इंस्पेक्टर (चेतगंज) आसिफ सिद्दीकी और उनकी पूरी टीम ने भी मौके पर मौजूद रहकर सहयोग किया और बच्ची को स्नेहपूर्वक विदा किया। जाते-जाते मासूम रेशमा ने नम आंखों और चेहरे पर मुस्कान के साथ वाराणसी पुलिस का शुक्रिया अदा किया

वाराणसी पुलिस का यह मानवीय चेहरा आज पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग तेलियाबाग पुलिस चौकी की इस पहल की जमकर तारीफ कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *