लखनऊ के थाना इटौंजा क्षेत्र में आलोक सिंह का अपहरण कर जान से मारने की धमकी देने वाले शेष दो वांछित अभियुक्तों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जानें क्या है पूरा मामला और पुलिस की कार्रवाई।
लखनऊ (बीएम ब्रेकिंग न्यूज): उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के थाना इटौंजा क्षेत्र में बीते दिनों हुए सनसनीखेज आलोक सिंह अपहरण कांड में पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। सर्विलांस/क्राइम टीम (डीसीपी उत्तरी) और थाना इटौंजा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मामले में फरार चल रहे शेष दो मुख्य अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है।
क्या था पूरा मामला? – दिनांक 23 फरवरी 2026 को वादी अरुण कुमार सिंह (निवासी ग्राम भिरसापुर, सीतापुर) ने थाना इटौंजा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि बिना नंबर की स्कॉर्पियो सवार कुछ दबंगों ने उनके भाई आलोक सिंह की बाइक में टक्कर मारी। इसके बाद आलोक और उसके साथी शानू पाण्डेय के साथ जमकर मारपीट की गई और आलोक सिंह का अपहरण कर उसे जान से मारने की धमकी दी गई। इस घटना के बाद पुलिस ने मु0अ0सं0 026/2026 के तहत बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी।
पुलिस की अब तक की कार्रवाई – मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उपायुक्त उत्तरी के निर्देशन में पुलिस टीमों का गठन किया गया था। 24 फरवरी 2026: पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़ित को सकुशल बरामद किया और तीन अभियुक्तों (शैलेश यादव, राहुल यादव और सुमित सिंह) को गिरफ्तार कर जेल भेजा। 07 मार्च 2026: आज चेकिंग के दौरान मुखबिर की सूचना पर अर्जुनपुर कट के पास से पुलिस ने शेष दो वांछित अभियुक्तों को भी दबोच लिया।
गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण – पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए शेष दो आरोपी लखनऊ के महिगवा क्षेत्र के रहने वाले हैं। शिवम यादव उर्फ प्रधान (उम्र 25 वर्ष), निवासी ग्राम खजूरी इन्दारा, थाना महिगवा। दिवाकर यादव (उम्र 22 वर्ष), निवासी ग्राम खजूरी इन्दारा, थाना महिगवा। हैरानी की बात यह है कि गिरफ्तार किए गए दोनों युवक छात्र (पढ़ाई करने वाले) हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त स्कॉर्पियो वाहन (संख्या UP32PW6667) भी बरामद कर लिया है।
अपराध करने का तरीका – जांच में सामने आया कि अभियुक्तों ने सुनियोजित तरीके से स्कॉर्पियो से आलोक सिंह की मोटरसाइकिल में टक्कर मारकर उसे गिराया। इसके बाद ‘एक राय’ होकर पीड़ित के साथ मारपीट की और फिल्मी अंदाज में उसका अपहरण कर फरार हो गए थे।
गिरफ्तार करने वाली जांबाज पुलिस टीम – इस सफल ऑपरेशन में स्वाट/सर्विलांस टीम डीसीपी उत्तरी और थाना इटौंजा पुलिस की अहम भूमिका रही : सर्विलांस टीम: प्रभारी उ0नि0 दीपक कुमार, हे0का0 नदीम, अवधेश गिरी, संतोष कुमार, अमित कुमार गौतम और का0 राघवेन्द्र प्रताप सिंह। थाना इटौंजा टीम: प्रभारी निरीक्षक मारकण्डेय यादव, उ0नि0 संजय कुमार गुप्ता, रामविलास, रमेश सिंह यादव और का0 दीपक तोमर। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था भंग करने वाले और कानून हाथ में लेने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। दोनों अभियुक्तों को अब न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजा जा रहा है।





