वाराणसी की कोतवाली पुलिस ने चैन स्नेचिंग की घटना का खुलासा करते हुए लुटेरे सदानन्द निषाद और चोरी का सोना खरीदने वाले सुनार को गिरफ्तार किया है। पढ़ें पूरी कार्रवाई।
वाराणसी। काशी नगरी में अपराधों की रोकथाम और अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाये जा रहे अभियान के तहत वाराणसी कोतवाली पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने चैन स्नेचिंग की घटना का महज कुछ ही दिनों में सफल अनावरण करते हुए मुख्य अभियुक्त और चोरी का माल खरीदने वाले सुनार, दोनों को सलाखों के पीछे भेज दिया है।
वाराणसी पुलिस कमिश्नर के निर्देशानुसार और अपर पुलिस उपायुक्त काशी ज़ोन के पर्यवेक्षण में, वाराणसी कोतवाली पुलिस की टीम लगातार संदिग्धों की तलाश में जुटी थी। दिनांक 31.03.2026 को दर्ज मु0अ0सं0 – 83/2026 (धारा 304(2) BNS) की विवेचना के दौरान काल भैरव चौकी प्रभारी अभय नारायण सिंह ने अपनी टीम के साथ घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरों की सघन तलाशी ली।
फुटेज में एक संदिग्ध युवक भागता हुआ दिखाई दिया। मुखबिर की सटीक सूचना पर वाराणसी कोतवाली पुलिस ने घेराबंदी कर मैदागिन चौराहे के पास से अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया।
लूट का सोना और नगदी बरामद – पकड़े गए अभियुक्त की पहचान सदानन्द निषाद (निवासी रजवाडी, चौबेपुर) के रूप में हुई है। पूछताछ में उसने कुबूल किया कि 26 मार्च को उसने मंदिर परिसर से एक महिला का मंगलसूत्र छीना था। इस लूट के माल को उसने घासी टोला के एक सुनार अरविन्द सेठ को बेच दिया था।
वाराणसी कोतवाली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सुनार अरविन्द सेठ को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इनके पास से निम्नलिखित बरामदगी की है जिसमे 01 पीली धातु (गला हुआ सोना – 2.77 ग्राम), जामा तलाशी के 1000 रुपये नगद को बरामद किया है। गिरफ्तार अभियुक्तों में सदानन्द निषाद (उम्र 25 वर्ष) और चोरी का माल ठिकाने लगाने वाला अरविन्द सेठ (उम्र 37 वर्ष) शामिल हैं। वाराणसी कोतवाली पुलिस ने बताया कि सुनार ने मंगलसूत्र को गला दिया था ताकि उसकी पहचान न हो सके।
गिरफ्तारी करने वाली टीम: इस सफल ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में उ0नि0 अभय नारायण सिंह (चौकी प्रभारी काल भैरव), कांस्टेबल विकेश और कांस्टेबल शिवम भारती शामिल रहे।
वाराणसी पुलिस की इस मुस्तैदी से क्षेत्र के व्यापारियों और आम जनता ने राहत की सांस ली है। वाराणसी कोतवाली पुलिस द्वारा अब अभियुक्तों के विरुद्ध अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।





