वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ में 9 मुकदमों का आरोपी मुबीन अहमद घायल। रामनगर पुलिस ने विश्व सुंदरी पुल के नीचे की कार्रवाई, 34 गौवंश बरामद।
वाराणसी। उत्तर प्रदेश में अपराधियों और तस्करों के खिलाफ जारी जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत आज तड़के वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ की एक बड़ी खबर सामने आई है। रामनगर थाना क्षेत्र के विश्व सुंदरी पुल के नीचे पुलिस और गौ तस्करों के बीच हुई इस मुठभेड़ में एक शातिर अपराधी को गोली लगी है, जबकि उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
विश्व सुंदरी पुल के नीचे हुई मुठभेड़ – प्राप्त जानकारी के अनुसार, वाराणसी के रामनगर थाना क्षेत्र में पुलिस को सूचना मिली थी कि मिर्जापुर की तरफ से एक कंटेनर में अवैध रूप से गौवंश ले जाए जा रहे हैं। जब पुलिस ने घेराबंदी की, तो तस्करों ने भागने की कोशिश की। इसी दौरान वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ शुरू हो गई। यह मुठभेड़ रामनगर के विश्व सुंदरी पुल के नीचे हुई, जहाँ पुलिस की जवाबी फायरिंग में मुख्य आरोपी मुबीन अहमद के दाहिने पैर में गोली लगी है।
कौन है घायल तस्कर मुबीन अहमद? – मुठभेड़ में घायल आरोपी की पहचान मुबीन अहमद के रूप में हुई है, जो कौशांबी जनपद का रहने वाला है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मुबीन एक शातिर अपराधी है जिसके ऊपर गौ तस्करी समेत कुल 9 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ के दौरान घायल मुबीन को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है।
34 गौवंश बरामद, साथी नौशाद गिरफ्तार – पुलिस ने बताया कि मुठभेड़ के दौरान घेराबंदी कर एक अन्य आरोपी नौशाद अहमद को मौके से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कंटेनर में लदे कुल 34 गौवंश सकुशल बरामद किए हैं।
घटनाक्रम का विवरण: सुबह-सुबह पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि तस्कर मिर्जापुर की ओर से गौवंश की बड़ी खेप ले जा रहे हैं। चेकिंग के दौरान पुलिस ने जब कंटेनर को रुकने का इशारा किया, तो आरोपियों ने हमला कर दिया। वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ में पुलिस ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए आरोपियों को दबोच लिया।
वाराणसी पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि जिले में किसी भी प्रकार की तस्करी और अपराध बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वाराणसी पुलिस और गौ तस्कर मुठभेड़ के बाद इलाके में पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है और फरार अपराधियों के संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
इस सफल ऑपरेशन से गौ तस्करों के सिंडिकेट को बड़ा झटका लगा है। बरामद गौवंशों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है और आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जा रही है।





