सुनवाई के दौरान अभियुक्तों के अधिवक्ता मयंक मिश्रा, शिवांक त्रिपाठी व अनुराग पाण्डेय ने अदालत के समक्ष पक्ष रखा
वाराणसी (बीएम ब्रेकिंग न्यूज): वाराणसी के थाना लालपुर/पाण्डेयपुर क्षेत्र से जुड़े एक विवाद मामले में अदालत से बड़ी खबर सामने आई है। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट)/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, वाराणसी (नितिन पाण्डेय, एचजेएस) की अदालत ने सुनवाई करते हुए दो अभियुक्तों—सुनील कुमार सोनकर और शिवम सोनकर उर्फ पण्डा—की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है।
पुराना विवाद और आत्मसमर्पण का मामला = मामला थाना लालपुर/पाण्डेयपुर के अपराध संख्या 415/2024 से जुड़ा है, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 191(2), 115(2) और 351(2) के तहत आरोप पत्र दाखिल किया गया था। सुनवाई के दौरान अभियुक्तों के अधिवक्ता मयंक मिश्रा, शिवांक त्रिपाठी व अनुराग पाण्डेय ने अदालत के समक्ष पक्ष रखते हुए बताया कि न्यायालय द्वारा 3 जुलाई 2026 को जारी सम्मन के अनुपालन में दोनों अभियुक्तों ने 5 अगस्त 2026 को अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया था। यह मुकदमा आपसी रंजिश के तहत दर्ज कराया गया था। घटना से लगभग 15 दिन पहले पैसों के लेनदेन को लेकर पक्षों में विवाद हुआ था। मामले में लगाई गई सभी धाराएं जमानतीय श्रेणी की हैं और अभियुक्तों का कोई पूर्व आपराधिक इतिहास नहीं है।

अदालत का फैसला और शर्तें = विशेष लोक अभियोजक और बचाव पक्ष के विद्वान अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने पत्रावली का अवलोकन किया। न्यायालय ने पाया कि संबंधित अपराध जमानतीय हैं और अभियुक्त न्यायिक अभिरक्षा में हैं। मामले के गुण-दोष पर बिना कोई अंतिम टिप्पणी किए, वाराणसी कोर्ट जमानत मंजूर करते हुए दोनों अभियुक्तों को राहत देने का आदेश जारी किया।
जमानत की प्रमुख शर्तें = मुचलका: अभियुक्तों को ₹20,000-₹20,000 का व्यक्तिगत बंधपत्र और इतनी ही राशि की प्रतिभू (Surety) जमा करनी होगी। साक्षियों से दूरी: अभियुक्त मुकदमे की सुनवाई में पूरा सहयोग करेंगे और किसी भी साक्षी या पीड़िता को न डराएंगे, न धमकाएंगे। पते की सूचना: यदि अभियुक्त अपना निवास स्थान बदलते हैं, तो इसकी लिखित जानकारी संबंधित थाने और अदालत को तुरंत देनी होगी।
इस आदेश के बाद लालपुर/पाण्डेयपुर थाना क्षेत्र के इस चर्चित मामले में कानूनी प्रक्रिया के तहत आरोपियों को रिहाई का मार्ग प्रशस्त हो गया है।



