वाराणसी (bmbreakingnews.com)। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी काशी में बाबा विश्वनाथ के दरबार में आने वाले भक्तों की सुरक्षा को लेकर वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस बेहद मुस्तैद है। इसी क्रम में पुलिस आयुक्त के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत चौक थाना पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। वाराणसी में काशी विश्वनाथ मंदिर से चोर गिरफ्तार किए गए हैं, जो कोई और नहीं बल्कि बेहद शातिर तरीके से चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाली तीन महिलाएं हैं।
यह महिला गैंग मंदिर परिसर में आने वाली महिला श्रद्धालुओं को अपना निशाना बनाता था। पुलिस ने इन तीनों अभियुक्तागणों को मुखबिर की सटीक सूचना और सीसीटीवी (CCTV) फुटेज की मदद से गिरफ्तार किया है।
दर्शनार्थी महिला को घेरकर उड़ाए थे 20 हजार रुपये – यह पूरा मामला 19 मई 2026 को तब सामने आया, जब एक पीड़ित महिला दर्शनार्थी ने थाना चौक में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता ने बताया कि मंदिर परिसर में तीन महिलाओं ने उन्हें चारों तरफ से घेर लिया और बेहद चालाकी से उनके बैग में रखे 20,000 रुपये पार कर दिए।
इस शिकायत के आधार पर चौक पुलिस ने तत्काल मु0अ0सं0- 83/2026 धारा 303(2), 3(5) BNS के तहत मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद हरकत में आई पुलिस टीम ने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर (KVM) चौकी प्रभारी के नेतृत्व में घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज और मुखबिर की निशानदेही पर पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए तीनों संदिग्ध महिलाओं को मंदिर परिसर से ही दबोच लिया।
तलाशी में बरामद हुए ₹31,800, खुली पुरानी चोरियों की पोल – जब पुलिस टीम ने गिरफ्तार की गई तीनों महिलाओं की तलाशी ली, तो उनके पास से कुल 31,800 रुपये नकद बरामद हुए। पुलिस की कड़ी पूछताछ के सामने तीनों ज्यादा देर टिक नहीं सकीं और उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
आरोपियों का इकबालिया बयान: “हम तीनों ने मिलकर 19 मई को मंदिर परिसर में एक महिला दर्शनार्थी को घेरा था और उनके बैग से 20,000 रुपये चुराए थे। चोरी के बाद हमने आपस में साढ़े छह-छह हजार रुपये बांट लिए थे। जो पैसे पुलिस ने बरामद किए हैं, ये हमारी पिछली चोरियों के हिस्से के बचे हुए रुपये हैं।”
पुलिस की पूछताछ में इस गैंग ने मंदिर परिसर में की गई दो अन्य बड़ी चोरियों का भी राज उगला। वाराणसी में काशी विश्वनाथ मंदिर से चोर गिरफ्तार होने के बाद पूछताछ में पता चला कि यह गैंग पहले भी सक्रिय था। 2 अप्रैल 2026 की घटना: इस गैंग ने मंदिर परिसर से एक महिला श्रद्धालु के गले से सोने की चेन चोरी की थी, जिसे बेचकर इन्होंने पैसे आपस में बांट लिए थे (मु0अ0सं0- 74/2026)। 6 मई 2026 की घटना: आरोपियों ने दोबारा मंदिर परिसर में एक और महिला की चेन उड़ाई थी, जिसका मुकदमा थाना चौक पर पहले से दर्ज था (मु0अ0सं0- 77/2026)। इस खुलासे के बाद पुलिस ने दर्ज मुकदमों में धारा 317(2) BNS की बढ़ोतरी कर दी है। सुरक्षा और कानूनी कारणों से पुलिस द्वारा आरोपियों के नाम गोपनीय रखे गए हैं।
इस शातिर महिला चोर गैंग को पकड़ने में थाना चौक के प्रभारी निरीक्षक दिलीप कुमार मिश्रा और के.वी.एम चौकी प्रभारी उ0नि0 पुष्कर दुबे की टीम ने बेहतरीन काम किया। टीम में उ0नि0 अनूप कुमार राम, म0उ0नि0 मुन्नी कुमारी, कांस्टेबल कुँवर बहादुर सिंह, मानवेंद्र सिंह, महिला कांस्टेबल शिवानी यादव और रानी कुमारी शामिल रहीं।





