वाराणसी (bmbreakingnews.com)। उत्तर प्रदेश की काशी नगरी में अपराधियों और जालसाजों के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में वाराणसी कमिश्नरेट की सिगरा थाना पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। वाराणसी पुलिस ने सिगरा से इनामी बदमाश को पकड़ा है, जो एक नामी फाइनेंस कंपनी में लाखों रुपये का गबन कर पिछले काफी समय से फरार चल रहा था।
पकड़े गए अभियुक्त पर पुलिस की तरफ से 25,000 रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस उपायुक्त (काशी जोन) के निर्देशन और सहायक पुलिस आयुक्त (चेतगंज) के कुशल नेतृत्व में सिगरा पुलिस टीम ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया है।
कहाँ से हुई गिरफ्तारी? – सिगरा थाना प्रभारी के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम क्षेत्र में अपराधियों की धरपकड़ के लिए गश्त पर थी। इसी दौरान मुखबिर की सटीक सूचना पर पुलिस ने घेराबंदी की। दोपहर करीब 2:15 बजे वाराणसी पुलिस ने सिगरा से इनामी बदमाश को पकड़ा। यह गिरफ्तारी सिगरा थाना क्षेत्र के फातमान रोड कब्रिस्तान के पास से की गई है।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान:
- नाम: अलाउद्दीन (उम्र 40 वर्ष)
- पिता का नाम: शेख आयूब
- निवासी: ग्राम काबीरुद्दीनपुर, पोस्ट धर्मापुर, थाना गौरा बादशाहपुर, जनपद जौनपुर।
यह पूरा मामला सिगरा स्थित अरिहंत कॉम्प्लेक्स में चल रहे एल एण्ड टी (L&T) फाइनेंस लिमिटेड के शाखा कार्यालय से जुड़ा है। कंपनी के एरिया सेल्स मैनेजर (ASM) अमित मिश्रा ने 18 जुलाई 2025 को सिगरा थाने में एक एफआईआर (मु0अ0सं0 0253/2025) दर्ज कराई थी।
आरोप के मुताबिक, जौनपुर का रहने वाला अलाउद्दीन इस कंपनी में सेल्स एग्जीक्यूटिव के पद पर तैनात था। एल एंड टी फाइनेंस एक प्रतिष्ठित नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनी (NBFC) है, जो ग्राहकों को विभिन्न उत्पादों के लिए लोन देती है। अलाउद्दीन ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए कंपनी के 6 सीधे-साधे ग्राहकों को निशाना बनाया।
उसने फर्जी दस्तावेज (कूटरचना) तैयार किए और हेरफेर करके ग्राहकों के 6,61,752 रुपये (छह लाख एकसठ हजार सात सौ बावन रुपये) खुद हड़प लिए। जब कंपनी के अन्य अधिकारियों को इस गड़बड़ी की भनक लगी, तो उन्होंने अलाउद्दीन से पैसे जमा करने को कहा। लेकिन वह कंपनी को धोखा देकर रुपये गबन कर फरार हो गया।
निलंबन के बाद घोषित हुआ था 25 हजार का इनाम – गबन की पुष्टि होने के बाद कंपनी ने आंतरिक जांच बिठाई, जिसमें अलाउद्दीन को दोषी पाया गया। इसके बाद उसे नौकरी से निष्कासित कर दिया गया और पुलिस में मामला दर्ज कराया गया। पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में जुटी थीं, लेकिन वह लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। इसके बाद प्रशासन की ओर से उस पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था। आज आखिरकार वाराणसी पुलिस ने सिगरा से इनामी बदमाश को पकड़ा और उसकी फरारी का अंत किया। पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 319(2), 318(4), 338, और 336(3) के तहत मामला दर्ज कर आगे की विधिक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
इस शातिर इनामी अपराधी को सलाखों के पीछे पहुंचाने में सिगरा पुलिस टीम की भूमिका बेहद सराहनीय रही। इस टीम में शामिल मुख्य सदस्य निम्न हैं : शिवाकान्त मिश्रा (प्रभारी निरीक्षक, थाना सिगरा), उ0नि0 विवेक सिंह (चौकी प्रभारी, सोनिया), आरक्षी आशीष गिरी, रि0का0 रवि कुमार।





